रूस के 10 मिठास से भरे म्यूज़ियम
- रूसी डेज़र्ट म्यूज़ियम, ज़्वेनीगोरोद
एक पुराने घर में छुपा है यह मीठा खजाना। यहाँ सजे हैं प्राचीन बर्तन, चमकते समोवर और असली रूसी भट्टी, जहाँ आज भी पिरोज़की और प्र्यानीकी (जिंजरब्रेड जैसे मीठे पेस्ट्री) पकते हैं। यहाँ ओट का किसेल, सेब की ब्रेड और चेरी से बनी मीठी चाय चखने को मिलती है।
पता: उ. फ्रुंजे, 23/2
वेबसाइट: rusdessertmuseum.ru
- क्रेंडेल म्यूज़ियम, व्यबोर्ग
कहा जाता है कि क्रेंडेल की आकृति प्रार्थना में जुड़े हाथों जैसी होती है। सात सौ साल पहले फ्रांसिस्कन भिक्षु इसे व्यबोर्ग लाए थे। आज भी वही पुराना नुस्खा यहाँ जीवित है। और हाँ, आप खुद इसका स्वाद भी ले सकते हैं!
पता: उ. क्रासनोफ्लोत्सकाया, 11
वेबसाइट: vyborg-gid.ru
- कोलोमना पास्तिला म्यूज़ियम, कोलोमना
सेब से बनी नरम पास्तिला यहाँ की शान है। यहाँ आपको उन्नीसवीं सदी का अहसास होता है – नाटकीय प्रस्तुतियों, कहानियों और गरमा-गरम चाय के साथ पास्तिला परोसी जाती है।
पता: उ. पोसाद्स्काया, 13А
वेबसाइट: kolomnapastila.ru
- “कालाच्नाया”, कोलोमना
यहाँ आपको दिखेगा 14वीं सदी का “कालाच” (एक पारंपरिक रूसी बेकरी आइटम) कैसे बनता था। खास कालाच भट्टी में बनी इस रोटी की खुशबू मन मोह लेती है।
पता: उ. जाएत्सेवा, 14
वेबसाइट: kolomnakalach.ru
- चक-चक म्यूज़ियम, कज़ान
एक पुराने व्यापारी के घर में जैसे समय थम गया हो। कालीन, लकड़ी के सन्दूक और गर्मजोशी से स्वागत करते मेज़बान – और फिर आती है मुख्य डिश: शहद में डूबा कुरकुरा चक-चक, जो हर तातार शादी का हिस्सा होता है।
पता: उ. पेरिज़स्काया कोममुना, 18А
वेबसाइट: chak-chak.museum
- मार्ज़िपान म्यूज़ियम, कैलिनिनग्राद
“मार्ज़िपान – हर बीमारी की दवा।” पहले ये मिठाई दवाखानों में बिकती थी, बाद में कन्फेक्शनरी में पहुँची। यहाँ आप न सिर्फ इसका इतिहास जानेंगे बल्कि मार्ज़िपान से बनी छोटी-छोटी कलाकृतियाँ भी देखेंगे।
पता: उ. अज़ोव्स्काया, 4
वेबसाइट: marzipanmuseum.ru
- “रोज़ा एइनमा” म्यूज़ियम, मॉस्को
1849 में बनी मशहूर “एइनम” फैक्ट्री (आज की “रेड ऑक्टोबर”) की मिठाइयाँ आज भी रूस में मशहूर हैं – “अल्योंका”, “मिश्का” वगैरह। म्यूज़ियम में इतिहास के साथ अंत में चॉकलेट का प्याला ज़रूर मिलेगा।
पता: बेरसेनेव्स्काया नाब., 6, स्ट्र. 1
वेबसाइट: rozaeinema.ru
- प्र्यानीकी म्यूज़ियम, मॉस्को
शहद से बने प्र्यानीकी की कहानियाँ, रेसिपी और खुद बनाने का मौका – सबकुछ यहाँ है। साथ ही देखने को मिलती हैं 17वीं सदी की शानदार उसुपोव पैलेस।
पता: बोलशोय कोज़लोव्स्की पेर., 13.17
वेबसाइट: gingerbread-msk.ru
- चॉकलेट और कोको का इतिहास म्यूज़ियम (МИШКА), मॉस्को
यहाँ की प्रदर्शनी आपको सीधे दक्षिण अमेरिका ले जाएगी – कोको की जन्मभूमि। आप रूस के चॉकलेट किंग अबरिकोसॉव से मिलेंगे और मिठाई बनाने की पूरी प्रक्रिया देखेंगे।
पता: उ. माला्या क्रास्नोसेल्स्काया, 7
वेबसाइट: chokomuseum.ru
- प्र्यानीकी म्यूज़ियम, तुला
तुला = प्र्यानीकी की राजधानी! यहाँ 17वीं सदी से ये मिठाई बन रही है और दुनिया भर में मशहूर है। खासियत? इसमें ना अदरक होता है, ना काली मिर्च। म्यूज़ियम में आपको सबसे छोटा और सबसे बड़ा प्र्यानीकी भी दिखेगा।
पता: उ. ऑक्त्याबर्सकाया, 45А
वेबसाइट: oldtula.ru
तो अगली बार जब आप रूस जाएँ, तो इन मीठे म्यूज़ियम की सैर ज़रूर करें। यकीन मानिए, ये जगहें न सिर्फ स्वाद बल्कि संस्कृति और इतिहास की मिठास भी परोसती हैं।