3 रूसी शब्दों में - ज़बायकाल्स्की क्राय
1. ЧАРСКИЕ ПЕСКИ (चारा की रेत)
चारा की रेत साइबेरियाई टैगा (जंगल) के बीचोंबीच स्थित एक असली रेगिस्तान है, जो एक प्राचीन हिमनद झील (ग्लेशियल लेक) की जगह पर बना है। यह 30 वर्ग किलोमीटर का रेतीला इलाका दलदलों, कीचड़ और घने स्प्रूस (एक प्रकार के पेड़) के जंगलों से घिरा हुआ है। सर्दियों में, यहाँ की रेत बर्फ के क्रिस्टल से ढक जाती है – जिसे "बर्फ के फूल" भी कहा जाता है।
2. АГИНСКИЙ ДАЦАН (अगिंस्की दात्सान)
यह ट्रांस-बाइकाल क्षेत्र का सबसे बड़ा बौद्ध मठ (मॉनेस्ट्री) कॉम्प्लेक्स है। रूसी राजमिस्त्री (मेसन) और बढ़इयों ने इसे 1811 से 1816 तक बनाया था, इसलिए इस दात्सान में तिब्बती, चीनी और रूसी – तीनों वास्तुशैली (आर्किटेक्चरल स्टाइल) के तत्व मिलते हैं। सोवियत काल के दौरान इसे बंद कर दिया गया था; अलग-अलग समय में यहाँ एक सैन्य इकाई (यूनिट), एक टीबी (क्षय रोग) क्लिनिक और एक नशा मुक्ति केंद्र (ड्रग ट्रीटमेंट सेंटर) चलता था।
3. ГОРА ПАЛЛАСА (पल्लास पर्वत)
पल्लास पर्वत एक ऐसी अनोखी जगह पर स्थित है जहाँ तीन बड़ी नदियों – अमूर, येनिसी और लीना – के बेसिन (और इसलिए आर्कटिक और प्रशांत महासागरों के बेसिन) एक-दूसरे से मिलते हैं। 1,236 मीटर ऊँचा यह पर्वत ज़बायकाल्स्की क्राय के प्रशासनिक केंद्र चिता से 35 किमी दूर है। इसे "महान उद्गम" भी कहा जाता है।